आयुर्वेद विज्ञान सम्पूर्ण चिकित्सा जगत की अमूल्य धरोहर है : वै.शि.धीरज शर्मा
प्रमोद कुमार हरिद्वार
हरिद्वार हाल ही में पतंजलि भारतीय आयुर्विज्ञान एवम अनुसन्धान संस्थान हरिद्वार में अध्यनरत बी. ए. एम. एस स्कॉलर धीरज शर्मा सुपुत्र पंडित श्री सुभाष शर्मा ने आयुर्वेद के सिद्धांतों को आधार मानकर यह बताया है की आयुर्वेद विज्ञान सम्पूर्ण चिकित्सा जगत की एक अमूल्य धरोहर है क्योंकि आयुर्वेद शास्त्र में ही आयु एवम स्वास्थ्य वर्धन के अनेकों उपक्रमो का उल्लेख किया गया है साथ औषध आहार विहार का सम्पूर्ण रूप वर्णन किया गया है आयुर्वेद शास्त्र मानव स्वास्थ्य की एक दैवीय रचना है जो वर्तमान समय मे अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है आयुर्वेद में अनेकों बेशकीमती जड़ी बूटियों का उल्लेख किया गया है जो कि बिना किसी दुष्परिणाम के रोगों से राहत प्रदान करवाती है एवम शारारिक व मानसिक रोगों को शांत करती है आयुर्वेद के उपयोग से ही हम स्वास्थ्य की दर में बढ़ोतरी कर सकते है तथा रोगों की संख्या में न्यूनता लाया जा सकता है आयुर्वेद दुनिया की एकमात्र ऐसी चिकित्सा विज्ञान है जो कि संक्रामक एवम अनुवांशिक रोगों पर पूर्णतया लाभदायक साबित होती हैं आयुर्वेदिक औषधियों का एक भी दुष्परिणाम प्रकट नही होता है यह विज्ञान सभी रोगों में परिणामकर साबित होती है क्योंकि आयुर्वेद शास्त्र में दोष अनुसार औषधिय वितरण दिया गया है आयुर्वेद शास्त्र जीवनशैली के साथ साथ साथ हमारी दिनचर्या एवम ऋतुचर्या को भी परिभाषित किया है जो कि वर्तमान समय मे अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है एवम आयुर्वेद चिकित्सा विज्ञान में सभी प्रकार की औषधियों का वर्णन किया गया है अर्थात हम कह सकते है कि आयुर्वेद चिकित्सा शास्त्र दोषानुसार औषध कल्पना का निर्माण किया गया हैएवम रोग तथा रोगी प्रकृति अनुसार औषध निर्माण का उल्लेख किया है आयुर्वेद दुनिया की एकमात्र ऐसी चिकित्सा विज्ञान है जो कि रोगी के विकारों को शांत करती है एवम जो व्यक्ति स्वस्थ है उसके स्वास्थ्य की रक्षा करती है हम कह सकते हैं कि आयुर्वेद निरापद चिकित्सा विज्ञान है आयुर्वेद में अनेकों प्रकार की जड़ी बूटियों का वर्णन किया गया है जो कि गम्भीर रोगों में भी शीघ्रता से कार्य करती है एवम रोगियों के स्वास्थ्य का वर्धन करती है आयुर्वेद प्रकृति की एक उत्कृष्ट रचना एवम दिव्य आशीर्वाद है आयुर्वेद मुख्यतया रोगों की मूल पे कार्य करता है रोगों को मूल सहित निरहरण करता है एवम शरीर के प्रतिरक्षा तंत्र को भी सुदृढ करता है तथा यह रोही शीघ्र ही स्वस्थ बनाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है आयुर्वेद एक वैज्ञानिक परिणित विज्ञान है इसमें सभी व्याधियों की चिकित्सा के पीछे वैज्ञानिकता शामिल है आयुर्वेद सर्वव्यापी चिकित्सा पद्धति है साथ ही यह मानव चिकित्सा के साथ साथ पशु पक्षी चिकित्सा व जीव जंतु चिकित्सा में भी कारगर साबित होती है अतः हमें आयुर्वेद की विशेताओ को जानकर सभी रोग में आयुर्वेद का प्रयोग कर स्वस्थ विश्व का निर्माण करना चाहिए
जय हिंद जय आयुर्वेद
 

