22 October 2026

भाजपा नेत्री रंजीता झा ने रामलीला मंचों पर मुख्य अतिथि के रूप में की सहभागिता, श्रीराम के आदर्शों को जीवन में अपनाने का किया आह्वान

विज्ञापन

संपादक प्रमोद कुमार

हरिद्वार। भाजपा नेत्री एवं संकल्प सेवा परमोधर्म ट्रस्ट की संस्थापक अध्यक्ष श्रीमती रंजीता झा ने हरिदर्शन रामलीला समिति द्वारा आयोजित रामलीला कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सहभागिता की। उन्होंने फीता काटकर तथा भगवान श्री गणेश जी की आरती कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया।

 

इस अवसर पर रामलीला समिति के पदाधिकारियों ने श्रीमती रंजीता झा का पटका पहनाकर एवं स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानपूर्वक स्वागत किया। कार्यक्रम में संकल्प सेवा परमोधर्म ट्रस्ट के सचिव तरुण कुमार शुक्ल, जितेंद्र कुमार शुक्ल, शौर्य झा एवं रिदम झा सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

अपने संबोधन में श्रीमती रंजीता झा ने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्रीराम का जीवन सत्य, त्याग, कर्तव्य, मर्यादा और आदर्शों का प्रतीक है। हम सभी को भगवान श्रीराम के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाते हुए परिवार, समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए। रामलीला जैसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन हमारी सनातन संस्कृति, परंपराओं और नैतिक मूल्यों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

उन्होंने संकल्प सेवा परमोधर्म ट्रस्ट द्वारा संचालित महिला सशक्तिकरण एवं बेटियों को आगे बढ़ाने के प्रयासों की जानकारी देते हुए कहा कि ट्रस्ट का उद्देश्य महिलाओं को सम्मान, अवसर और आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रोत्साहित करना है। इसी क्रम में उन्होंने आगामी 27 अक्टूबर 2026 को आयोजित होने वाले चतुर्थ करवाचौथ मेहंदी महोत्सव में सभी सनातनी महिलाओं को सादर आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि इस आयोजन के माध्यम से ट्रस्ट परिवार की बेटियों को अपनी मेहंदी कला एवं हुनर प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान किया जाएगा।

श्रीमती रंजीता झा ने मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित कर सम्मान प्रदान करने के लिए हरिदर्शन रामलीला समिति के समस्त पदाधिकारियों एवं आयोजकों के प्रति आभार व्यक्त किया।

सेक्टर-4 में नटराज रामलीला समिति के कार्यक्रम में भी हुईं शामिल

श्रीमती रंजीता झा ने हरिद्वार के सेक्टर-4 में नटराज रामलीला समिति द्वारा आयोजित रामलीला कार्यक्रम में भी सहभागिता की। यहां समिति के पदाधिकारियों ने उनका स्वागत एवं सम्मान किया। उन्होंने रामलीला के माध्यम से भारतीय संस्कृति और भगवान श्रीराम के आदर्शों के प्रचार-प्रसार के प्रयासों की सराहना की।

दोनों रामलीला आयोजनों में उनकी सहभागिता ने धार्मिक-सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण, सामाजिक समरसता तथा महिला सशक्तिकरण के संदेश को प्रमुखता प्रदान की।

विज्ञापन
Copyright © All rights reserved. | Sakshar Haridwar Powered by www.WizInfotech.com.