निरंजनी अखाड़ा शिव मूर्ति गली स्थित श्री धाम आश्रम में विशाल संत समागम आयोजित किया गया
प्रमोद कुमार सम्पादक
हरिद्वार (मनोज ठाकुर)मायापुर निरंजनी अखाड़ा शिव मूर्ति गली स्थित श्री धाम आश्रम में विशाल संत समागम आयोजित किया गया इस अवसर पर बोलते हुए आश्रम के श्री महंत गोविंद दास जी महाराज ने कहा नर सेवा ही नारायण सेवा के भाव से जो मनुष्य जीवन में दूसरों की सेवा में अपना जीवन व्यतीत करता है उसका जीवन सदा ही खुशियों से भरा खुशहाल रहता है इसलिए सेवा एवं हरि भजन ही इस मनुष्य के जीवन का मध्य होना चाहिए क्योंकि हमारे मनुष्य जीवन को सेवा भाव अच्छे विचार और हरि भजन ही सार्थक करती है यह मानव जीवन मनुष्य को करोड़ योनियों को पार करने के बाद मिलता है इसलिए इसका मनुष्य को सदा सही उपयोग करना चाहिए अपने इस जीवन को नर सेवा ही नारायण सेवा के भाव से सार्थक बना लेना चाहिए क्योंकि धर्म-कर्म ही इस पृथ्वी लोक पर हमारे कल्याण का माध्यम है आश्रम में आयोजित विशाल भंडारे में सभी संत महापुरुषों ने वह भक्तजनों ने भोजन प्रसाद ग्रहण किया
 

