सद्गुरु स्वामी समनदास सत्संग समिति मोहल्ला कड़च के द्वारा श्री गुरु रविदास जन्म उत्सव के छठे दिन श्री गुरु रविदास घाट श्री गुरु रविदास द्वार पुल जटवाड़ा पर एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया
सम्पादक प्रमोद कुमार
हरिद्वार अखिल भारतीय संत शिरोमणि सतगुरु रविदास मिशन गद्दी ऊन शुक्रताल धाम के तत्वाधान में सद्गुरु स्वामी समनदास सत्संग समिति मोहल्ला कड़च के द्वारा श्री गुरु रविदास जन्म उत्सव के छठे दिन श्री गुरु रविदास घाट श्री गुरु रविदास द्वार पुल जटवाड़ा पर एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें मिशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष संत श्री गुरु डॉ सतपाल दास महाराज ने अनमोल वचन कहते हुए सद्गुरु स्वामी रविदास जी महाराज के दोहे को कहते हुए ऐसा चाहूं राज में मिले सबन को अन्न छोटे बड़े सब म बसे श्री गुरु रविदास रहे प्रश्नन श्री गुरु रविदास महाराज जी ने मानव को समझाया है मन चंगा कटौती में गंगा संत जी ने स्वामी समन दास महाराज की प्रशंसा करते हुए कहा स्वामी समनदास महाराज जी ने इस समाज को मांस मदिरा का त्याग कराकर सत्य का मार्ग बताया है और मनुष्य को सत्संग का रास्ता बताया है इस जीव का कल्याण गुरु रविदास महाराज जी का सत्संग श्रवण करने से ही होगा कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पधारे श्री गुरु रविदास विश्व महापीठ के प्रदेश अध्यक्ष प्रोफेसर धर्मेंद्र कुमार ने पूरे समाज के सामने श्री गुरु रविदास महाराज की प्रतिमा व मंदिर बनाने का आश्वासन दिया।
 

इस अवसर पर संत महात्मा गण उपस्थित रहे मिशन के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष संत श्री सुभाष दास उपस्थित रहे समिति ने विश्व महापीठ के सभी पदाधिकारीयो का अभिनंदन और स्वागत किया पीठ के प्रदेश महामंत्री मान्य सतीश कुमार पीठ के प्रदेश के संयोजक माननीय किशोर पाल माननीय विशाल मुखिया सदस्य अनुसूचित जाति आयोग वरिष्ठ कांग्रेस नेता तीर्थपाल रवि त्रिलोक सिंह योगेंद्र पाल रवि हारुन अंसारी पदम कुमार पवन कुमार अध्यापक प्रधानाचार्य नीलम सिंह मांगे राम लाला हिमांशु गौतम अरविंद प्रधान चरण सिंह छोटेलाल विनोद कुमार सेवाराम ललित कुमार मामचंद हिमांशु मैहर विधांशु मेहर विशाल जी सागर नीरज कुमार कमल कुमार छोटा शुभम कुमार हर्ष कुमार संजय कुमार भाजपा नेता विनोद कुमार धर्मेंद्र कार्यक्रम का संचालन कार्यक्रम के संयोजक महात्मा मेहर चंद दास ने किया कार्यक्रम के उपरांत सभी संतों का सम्मान सभी अतिथियों का सम्मान सोल व फूल माला पहनाकर स्वागत किया

