‘आचार्यकुलम् विश्व का विशिष्ट शिक्षण संस्थान है जहाँ गुरुवाणी और वेदवाणी से विद्यार्थियों का रूपांतरण किया जाता है।’ -परमपूज्य स्वामी जी‘
‘स्वर्णशलाका प्रतियोगिता में सर्वश्रेष्ठ अंक अर्जित करने वाले सभी विद्यार्थियों का प्रयास अभिनंदनीय है -परमश्रद्धेय आचार्यश्री
 
हरिद्वार,परमपूज्य स्वामी रामदेवजी व परमश्रद्धेय आचार्यश्री बालकृष्णजी द्वारा स्थापित आवासीय विद्यालय आचार्यकुलम् में पंचमी राष्ट्रीय स्वर्णशलाका प्रतियोगिता का पुरस्कार वितरण संपन्न हुआ। इस गरिमामयी समारोह में परमपूज्य स्वामी जी, परमपूज्या साध्वी देवप्रिया जी ‘बड़ी दीदीजी’ सहित पंजाब उच्च न्यायालय के न्यायाधीश श्री अहलूवालिया जी विशिष्ट अतिथि के रूप में मंच पर उपस्थित रहे।
इस पावन अवसर पर आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में पतंजलि के सभी शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। इस वर्ष की पुरस्कार राशि ₹50 लाख रही, वहीं गत वर्षों को मिलाकर विद्यार्थियों ने अब तक लगभग ₹25 करोड़ की पुरस्कार राशि प्राप्त की है। इस पूरी श्रृंखला में जहाँ सबसे उत्कृष्ट प्रदर्शन कर पतंजलि विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने सर्वाधिक पुरस्कार राशि अर्जित कर संस्थान का गौरव बढ़ाया तो वहीं आचार्यकुलम् की छात्राओं गौरिका, भव्या ने प्रथम और संस्कृति ने द्वितीय स्थान प्राप्त कर अपने प्रदर्शन से सभी का हृदय जीत कर संस्थान का मान बढ़ाया।
इस भव्य आयोजन के अवसर पर आचार्यकुलम् की उपाध्यक्षा डॉ. ऋतंभरा शास्त्री, प्राचार्या श्रीमती स्वाति मुंशी जी, उप-प्राचार्य श्री तापस कुमार बेरा जी, समन्वयिका श्रीमती दीपा देवी जी, मुख्य छात्रपाल श्री अमित दानी जी सहित पतंजलि योगपीठ के समस्त संन्यासीवृंद, आचार्य, शिक्षकगण तथा पतंजलि के सभी शिक्षण संस्थानों के प्रतिभागी विद्यार्थी उपस्थित रहे।

